UPDATE CHANDAULI NEWS: चंदौली के एसपी ने कार्य मे लापरवाही बरतने पर एक पुलिस कर्मी को निलंबित कर दिया, तथा 3 पुलिस कर्मियों के विरुद्ध जांच के आदेश दिए है। एसपी के इस एक्शन से महकमे में हड़कंप की स्थिति है।
चंदौली के एसपी आकाश पटेल ने सकलडीहा सर्किल में लंबित विवेचनाओं की समीक्षा के दौरान विवेचना निस्तारण में शिथिलता बरतने पर 1 विवेचक निलम्बित कर दिया। जबकि 3 पुलिस कर्मितों के विरुद्ध जांच के आदेश दिए है। बताया गया है कि 60 से 90 दिनों के भीतर विवेचनाओं के निस्तारण में शिथिलता बरतने पर उक्त कार्रवाई की गई। साथ ही एसपी ने संबंधितों को सख्त निर्देश दिया।
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विवेचक निलंबित, 3 के खिलाफ जांच
जानकारी के अनुसार एसपी आकाश पटेल द्वारा 13 अगस्त को सकलडीहा सर्किल में लम्बित विवेचनाओं की समीक्षा हेतु अर्दली रूम (Orderly Room) किया गया था। समीक्षा के दौरान थाना धानापुर पर पंजीकृत मु0अ0सं0-04/2025 धारा 125बी, 281, 324(2) बीएनएस की विवेचना में अपेक्षित प्रगति नही मिला, साथ ही मुकदमा दर्ज हुए लगभग 1 साल 6 माह का समय बीत चुका था। बावजूद इसके विवेचनात्मक कार्यवाही पूरा नही हुआ। इसको गंभीरता से लेते हुए एसपी ने उप निरीक्षक ना0पु0 सकलैन अहमद, थाना धानापुर को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया।
इसके अतिरिक्त थाना धीना तथा थाना बलुआ पर पंजीकृत अभियोगों की विवेचनाओं में भी 60 एवं 90 दिन से अधिक समय बीत चुका था। बावजूद इसके अपेक्षित प्रगति/घटना का अनावरण न किए जाने तथा विवेचनात्मक कार्यवाही में शिथिलता पाए जाने पर सम्बन्धित 3 विवेचकों के विरुद्ध जांच आदेशित की गई।
एसपी का सख्त निर्देश
एसपी ने सभी विवेचकों को निर्देशित किया गया कि 60 से 90 दिनों के भीतर निस्तारित होने वाली विवेचनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करें। साक्ष्यों का संकलन, परीक्षण तथा विधिक प्रक्रिया का अनुपालन सुनिश्चित किया जाए, जिससे पीड़ितों को समयबद्ध न्याय मिल सके।
एसपी ने दी चेतावनी
एसपी आकास पटेल ने स्पष्ट किया कि विवेचनाओं का समयबद्ध, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पुलिस की प्राथमिकता है। विवेचनाओं में अनावश्यक विलम्ब, लापरवाही किसी भी दशा में स्वीकार नहीं की जाएगी। ऐसे मामलों में जिम्मेदारी निर्धारित करते हुए नियमानुसार कठोर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।




